UPS बनाम NPS बनाम OPS पेंशन तुलना कैलकुलेटर (यूनिफाइड पेंशन स्कीम 2026)
सरकारी कर्मचारियों के लिए नई यूनिफाइड पेंशन स्कीम (UPS 50% गारंटीड पेंशन), NPS (बाजार आधारित कोष) और पुरानी पेंशन (OPS) की मासिक पेंशन और लंपसम ग्रेच्युटी की तुलना करें।
पेंशन योजनाएं एवं सेवा अवधि बेंचमार्क
UPS, OPS, NPS या 10-25 वर्ष की सेवा अवधि पर क्लिक करें और गारंटीड पेंशन की तुलना करें।
Unified Pension Scheme (UPS)
Guaranteed 50% pension after 25 years service + 18.5% Govt share
Old Pension Scheme (OPS)
Zero employee deduction + GPF savings + Assured half-pay pension
National Pension System (NPS)
Market-linked returns with 10% employee + 14% govt contribution
Full 25 Years Service Benchmark
Standard qualifying benchmark for full 50% assured pension
Minimum 10 Years Service Prorated
Guaranteed minimum pension for early voluntary retirement
UPS, NPS और OPS से जुड़े अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
1. यूनिफाइड पेंशन स्कीम (UPS) में गारंटीड पेंशन कितनी मिलती है?
UPS के तहत कम से कम 25 वर्ष की सेवा पूरी करने पर सेवानिवृत्ति से पहले के पिछले 12 महीनों के औसत मूल वेतन का 50% गारंटीड पेंशन के रूप में मिलता है। साथ ही महंगाई राहत (Dearness Relief - DR) भी मिलती है।
2. UPS और NPS में क्या अंतर है?
NPS में पेंशन बाजार के रिटर्न (शेयर/बॉन्ड) पर निर्भर करती है, जबकि UPS में 50% पेंशन पूरी तरह सरकार द्वारा सुनिश्चित (Guaranteed) होती है। UPS में सरकार का योगदान 14% से बढ़ाकर 18.5% किया गया है।
3. यदि सेवा 25 वर्ष से कम (जैसे 10 से 20 वर्ष) हो तो क्या पेंशन मिलेगी?
हाँ! न्यूनतम 10 वर्ष की सेवा पर अनुपातिक (Proportionate) पेंशन मिलती है, जो किसी भी स्थिति में न्यूनतम ₹10,000 प्रति माह से कम नहीं हो सकती।
संबंधित टूल्स एवं कैलकुलेटर
7वां वेतन आयोग सैलरी कैलकुलेटर
पे लेवल 1-18, डीए (53%), एचआरए (X/Y/Z), टीए, एनपीएस कटौती और एसएससी सीजीएल, रेलवे, बैंक पीओ और यूपीएससी के पद-वार इन-हैंड वेतन की सटीक गणना करें।
ग्रेच्युटी एवं लीव एन्कैशमेंट
7वें वेतन आयोग के नियमों के तहत ₹25 लाख की बढ़ी हुई सीमा तक टैक्स-फ्री ग्रेच्युटी और 300 दिनों की बची हुई छुट्टियों (EL/HPL) के नकद भुगतान की सटीक गणना करें।
छात्रवृत्ति पात्रता चेकर
जाति वर्ग, पारिवारिक आय, पाठ्यक्रम और अंकों के आधार पर केंद्रीय और राज्य छात्रवृत्तियों (NSP, यूपी, बिहार, एआईसीटीई, पीएमएसएस) की पात्रता जांचें।
स्टेट बोर्ड से सीबीएसई कनवर्टर
यूपी बोर्ड, बिहार बोर्ड, महाराष्ट्र, आरबीएसई, एमपी बोर्ड आदि के अंकों को सीबीएसई समकक्ष प्रतिशत और डीयू कटऑफ पर्सेन्टाइल में बदलें।